Electricity Tariff Hike 2026: जून में देरी से हुई मीटर रीडिंग की वजह से ज्यादा बिल भर चुके छत्तीसगढ़ के बिजली उपभोक्ताओं को अब एक और आर्थिक झटका लगने वाला है। राज्य विद्युत नियामक आयोग की ओर से 1 जुलाई 2026 से लागू नई बिजली दरों का असर अगस्त में मिलने वाले बिलों में दिखाई देगा। नई व्यवस्था के तहत अलग-अलग श्रेणियों के उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट 30 से 50 पैसे तक की बढ़ोतरी की गई है।
घरेलू से लेकर किसानों तक सभी पर पड़ेगा असर
बिजली टैरिफ में हुई वृद्धि का प्रभाव घरेलू, व्यावसायिक, गैर-घरेलू और कृषि उपभोक्ताओं पर समान रूप से पड़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि पहले से बढ़ती महंगाई के बीच बिजली बिल में इजाफा परिवारों के मासिक बजट पर अतिरिक्त बोझ डालेगा। छोटे कारोबारियों और किसानों की संचालन लागत भी बढ़ने की संभावना है।
जून के ज्यादा बिल के बाद अब नया झटका
राजनांदगांव समेत कई इलाकों के उपभोक्ताओं का कहना है कि जून में मीटर रीडिंग देर से होने के कारण पहले ही अपेक्षा से अधिक बिल आया था। अब नई दरें लागू होने से अगस्त का बिल और ज्यादा आने की आशंका है। रसोई गैस, खाद्य तेल, सब्जियों और पेट्रोल की बढ़ती कीमतों के बीच बिजली का बढ़ा खर्च लोगों की चिंता बढ़ा रहा है।
नई बिजली दरें कितनी बढ़ीं
0 से 100 यूनिट: 4.10 रुपये से बढ़कर 4.40 रुपये प्रति यूनिट
101 से 200 यूनिट: 4.20 रुपये से बढ़कर 4.50 रुपये प्रति यूनिट
201 से 400 यूनिट: 5.60 रुपये से बढ़कर 6.00 रुपये प्रति यूनिट
401 से 600 यूनिट: 6.60 रुपये से बढ़कर 7.00 रुपये प्रति यूनिट
601 यूनिट से अधिक: 8.30 रुपये से बढ़कर 8.80 रुपये प्रति यूनिट
बिजली दरों को लेकर कांग्रेस का हमला
बिजली दरों में बढ़ोतरी को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर निशाना साधा है। पार्टी प्रवक्ता रूपेश दुबे ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में कई बार बिजली महंगी की जा चुकी है। उनका कहना है कि पहले 200 यूनिट तक मिलने वाली राहत को घटाकर 100 यूनिट कर दिया गया, जिससे बड़ी संख्या में उपभोक्ता योजना के लाभ से बाहर हो गए हैं।
कंपनी ने बताया कैसे तय होती हैं दरें
विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि बिजली की कीमतें उत्पादन लागत और नियामक आयोग की तय प्रक्रिया के आधार पर निर्धारित होती हैं। कंपनी अपने स्तर पर मनमाने तरीके से बिजली दरों में बदलाव नहीं कर सकती। नई दरें नियामक आयोग की स्वीकृति के बाद ही लागू की जाती हैं।

