अंबिकापुर के धौरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सपड़ा में दंपती की हत्या के मामले में पुलिस ने उनके बड़े बेटे जदू यादव को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने माता-पिता की हत्या करने की बात स्वीकार की है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि शादी नहीं होने और माता-पिता की कथित उपेक्षा से वह लंबे समय से नाराज था।
मृतकों की पहचान 55 वर्षीय हीराधर यादव और उनकी 50 वर्षीय पत्नी गुलाबी यादव के रूप में हुई है। दंपती अपने बड़े बेटे जदू के साथ रहते थे। 34 वर्षीय जदू की शादी नहीं हुई थी और इसी मुद्दे को लेकर उसका माता-पिता से अक्सर विवाद होता था। परिवार का छोटा बेटा मोहन अपनी पत्नी और बच्चों के साथ अलग रहता है।
सब्जी को लेकर विवाद के बाद वारदात
पुलिस पूछताछ के मुताबिक, 17 अगस्त की रात घर में सब्जी नहीं बनी थी। हीराधर और गुलाबी छोटे बेटे मोहन के घर से सब्जी लेकर आए थे। इसी बात को लेकर जदू का माता-पिता से विवाद हो गया।
आरोप है कि विवाद के बाद जदू ने सो रहे माता-पिता पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। सिर में गंभीर चोट लगने से दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
शव बोरी में बांधकर कमरे में छिपाए
हत्या के बाद आरोपी ने दोनों शवों को बोरी में बांधा और कमरे के भीतर छिपा दिया। पुलिस के अनुसार, घटना के निशान मिटाने के लिए उसने कमरे और फर्श पर गोबर से लिपाई की। इसके बाद वह वहां से फरार हो गया।
अगली सुबह छोटा बेटा मोहन जब माता-पिता के घर पहुंचा तो दरवाजा बंद मिला। संदेह होने पर उसने ताला तोड़ा, जिसके बाद अंदर दोनों के शव मिले। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
चार दिन बाद पुलिस की गिरफ्त में आरोपी
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने फरार चल रहे जदू यादव की तलाश शुरू की। घटना के करीब चार दिन बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अब पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर हत्या की पूरी परिस्थितियों को जोड़ने में जुटी है।

