रायपुर। साइबर ठगी करने वाले कुछ इस तरह से झांसा दे रहे हैं कि लोग केवल वाॅट्सऐप मैसेज या कॉल से ही उनपर भरोसा कर रहे हैं। उनसे मेल मुलाकात भी नहीं करते हैं और लाखों रुपए उनके बताए बैंक खातों में जमा करा देते हैं। देवेंद्र नगर इलाके में ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जिसमें एक शेयर ब्रोकर ने वाॅट्सऐप में आए मैसेज व उससे संबंधित लोगों से मोबाइल फोन में ही बातचीत करके 84 लाख से अधिक निवेश कर दिया। इसकी शिकायत पर पुलिस ने साइबर ठगों के खिलाफ केस दर्ज कर विवेचना में लिया है।
पुलिस के मुताबिक, अविनाश का शेयर ब्रोकिंग फर्म है। इसके जरिए शेयर मार्केट संबंधी काम करते हैं। जून 2025 में उनके मोबाइल पर एक वाॅट्सऐप मैसेज आया, जिसमें शेयर मार्केट में उनके बताए आईएनडी मनी कंपनी पर रकम लगाने पर भारी मुनाफा मिलने का दावा किया गया था। इसके बाद मैसेज में दिए मोबाइल नंबर में अविनाश ने संपर्क किया और वाॅट्सऐप चैटिंग भी करने लगे। इस दौरान उन्हें कहा कि उनके बताए अनुसार कंपनी में निवेश करने पर भारी मुनाफा होगा। अविनाश उनकी बातों में आ गए। फिर पहले 1 लाख रुपए निवेश किया। इसके करीब 5 माह बाद कंपनी की ओर से मोबाइल ऐप डाउनलोड करवाया गया। फिर उन्हें कम रेट पर आईपीओ दिलाने का आश्वासन देकर ऐप के जरिए अलग-अलग निवेश कराने लगे। इस बीच अविनाश और आरोपियों के बीच कभी मुलाकात नहीं हुई। केवल मोबाइल फोन में बातचीत हो रही थी।
क्लाइंट के पैसे भी लगाए
इस दौरान अविनाश ने शेयर मार्केट के अपने अन्य क्लाइंट से इसमें पैसा लगवाना शुरू कर दिया। अपने क्लाइंट अमित अग्रवाल, अशोक वर्मा, सौरभ अग्रवाल, श्याम सुंदर अग्रवाल से 74 लाख 63000 रुपए निवेश करवाया। इसके अलावा अपनी पत्नी व अन्य से 10 लाख रुपए सहित कुल 84 लाख 63 हजार रुपए निवेश किया गया। रकम निवेश होने के बाद अविनाश और उनके अन्य क्लाइंटों को आईपीओ नहीं मिला। उनकी निवेश की राशि वापस नहीं दी गई। कंपनी का ऐप भी बंद हो गया। इसकी शिकायत अविनाश ने पुलिस में की। देवेंद्र नगर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी के तहत केस दर्ज कर लिया है।
इन लोगों ने दिया झांसा
शेयर मार्केट के नाम पर अविनाश को झांसा देने वालों में राघव शर्मा, शैलेजा और निशा पटेल शामिल हैं। तीनों ने आईएनडी मनी कंपनी के कर्मचारी बनकर अविनाश से बातचीत की थी। उनसे अलग-अलग बैंक खातों में लाखों रुपए निवेश कराया। इसके बाद अपना मोबाइल नंबर बंद कर दिया। देवेंद्र नगर पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

