Delhi Politics: दिल्ली नगर निगम की वार्ड समिति चुनाव में कथित क्रॉस वोटिंग के बाद आम आदमी पार्टी ने बड़ा संगठनात्मक फैसला लिया है। पार्टी ने तीन पार्षदों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। पार्टी का कहना है कि यह कार्रवाई अनुशासन बनाए रखने और पार्टी विरोधी गतिविधियों के खिलाफ कड़ा संदेश देने के उद्देश्य से की गई है।
इन तीन पार्षदों पर गिरी कार्रवाई की गाज
दिल्ली आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने बताया कि पश्चिम जोन की पार्षद निर्मल देवी शर्मा और कृष्णा देवी राघव के साथ सिटी एसपी जोन की पार्षद सुल्ताना आजाद को निलंबित किया गया है। पार्टी के अनुसार तीनों पर वार्ड समिति चुनाव के दौरान पार्टी लाइन से हटकर मतदान करने का आरोप है।
वार्ड समिति चुनाव के बाद लिया गया फैसला
यह कार्रवाई नगर निगम की 12 वार्ड समितियों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव तथा स्थायी समिति के छह सदस्यों के निर्वाचन के एक दिन बाद की गई। चुनाव के दौरान कथित क्रॉस वोटिंग को लेकर आम आदमी पार्टी के भीतर असंतोष की स्थिति सामने आई।
क्रॉस वोटिंग का लगाया गया आरोप
एमसीडी में विपक्ष के नेता अंकुश नारंग ने दावा किया कि पश्चिम जोन के अध्यक्ष पद के चुनाव में आम आदमी पार्टी के दो पार्षदों ने क्रॉस वोटिंग की। उनके अनुसार पार्टी के पास 13 पार्षद थे, लेकिन उम्मीदवार को केवल 11 वोट मिले, जिससे दो वोट दूसरी ओर जाने की बात सामने आई।
भाजपा ने AAP पर साधा निशाना
दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता प्रवीण शंकर कपूर ने इस कार्रवाई को लेकर आम आदमी पार्टी पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी उन महिला नेताओं को निशाना बना रही है, जिन्होंने संगठन और नगर निगम के कामकाज को लेकर सवाल उठाए थे। उन्होंने दावा किया कि पहले भी कई नेताओं को इसी तरह पार्टी से बाहर किया गया था।
कांग्रेस ने बताया आंतरिक कलह का परिणाम
दिल्ली कांग्रेस की नेता और एमसीडी में कांग्रेस विधायक दल की नेता नाजिया दानिश ने भी इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह फैसला आम आदमी पार्टी के भीतर बढ़ती गुटबाजी और संगठनात्मक संकट को दर्शाता है। उनके अनुसार इस घटनाक्रम से पार्टी के पारदर्शिता और ईमानदारी के दावों पर भी सवाल खड़े होते हैं।

