बिहार, त्रिपुरा और पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल तथा डीवाई पाटिल ग्रुप के संस्थापक डॉ. यशवंतराव डीवाई पाटिल का मंगलवार को कोल्हापुर में निधन हो गया। वे 90 वर्ष के थे। लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे डॉ. पाटिल के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई वरिष्ठ केंद्रीय मंत्रियों ने गहरा दुख जताया।नेताओं ने उनके शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और समाज कल्याण के क्षेत्र में किए गए कार्यों को याद करते हुए कहा कि उनका योगदान देश के लिए हमेशा प्रेरणादायक रहेगा।
पीएम मोदी ने परोपकार और शिक्षा क्षेत्र में योगदान को किया याद
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर डॉ. डीवाई पाटिल के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि डॉ. पाटिल ने परोपकार और शिक्षा के माध्यम से समाज सेवा को नई दिशा दी।प्रधानमंत्री ने उनके वंचित वर्गों के कल्याण के लिए किए गए कार्यों को याद करते हुए कहा कि उन्होंने हमेशा जरूरतमंद लोगों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए प्रयास किया। पीएम मोदी ने शोक संतप्त परिवार और उनके समर्थकों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
राजनाथ सिंह ने बताया शिक्षा और समाज सेवा का समर्पित व्यक्तित्व
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डॉ. डीवाई पाटिल के निधन को शिक्षा जगत और समाज के लिए बड़ी क्षति बताया। उन्होंने कहा कि डॉ. पाटिल ने अपना पूरा जीवन शिक्षा के विस्तार और जनसेवा के लिए समर्पित किया।राजनाथ सिंह ने उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद करते हुए कहा कि उनकी सेवाएं और उपलब्धियां हमेशा स्मरणीय रहेंगी।
शिवराज सिंह चौहान ने शासन और राष्ट्र निर्माण में योगदान को सराहा
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी डॉ. पाटिल के निधन पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि डॉ. पाटिल का जीवन जनसेवा, शिक्षा और शासन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान से भरा रहा।उन्होंने उनके परिवार, मित्रों और शुभचिंतकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति की कामना की।
पीयूष गोयल ने साधारण शुरुआत से ऊंचे मुकाम तक के सफर को किया याद
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने डॉ. डीवाई पाटिल के जीवन संघर्ष और उपलब्धियों को याद किया। उन्होंने कहा कि साधारण शुरुआत से संवैधानिक पदों तक पहुंचने का उनका सफर प्रेरणादायक रहा।पीयूष गोयल ने शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में डॉ. पाटिल के योगदान को अद्वितीय बताते हुए कहा कि समाज के लिए किए गए उनके कार्य लंबे समय तक याद किए जाएंगे।
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में बनाई अलग पहचान
डॉ. डीवाई पाटिल ने शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के लिए बड़े स्तर पर काम किया। उनके द्वारा स्थापित डीवाई पाटिल ग्रुप देश के प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों में शामिल है।उन्होंने अपने जीवनकाल में शिक्षा को समाज परिवर्तन का माध्यम माना और युवाओं को बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार प्रयास किए। उनके निधन से शिक्षा जगत और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों में शोक की लहर है।

