लाइफस्टाइल : पानी की बोतल आज लगभग हर व्यक्ति की रोजमर्रा की जरूरत बन चुकी है। ऑफिस, स्कूल, जिम या यात्रा, हर जगह लोग अपनी बोतल साथ रखते हैं। कई लोग नियमित रूप से बोतल साफ भी करते हैं, लेकिन इसके बावजूद कुछ समय बाद उसमें से सीलन जैसी बदबू आने लगती है। हैरानी की बात यह है कि कई बार इसकी वजह गंदगी नहीं, बल्कि हमारी छोटी छोटी आदतें होती हैं।
साफ बोतल से भी क्यों आने लगती है बदबू
बोतल धोने के बाद अधिकतर लोग उसे तुरंत बंद कर देते हैं। ऐसा करने से अंदर मौजूद नमी बाहर नहीं निकल पाती। खासकर ढक्कन के अंदर बने छोटे हिस्सों में पानी जमा रह जाता है। हवा नहीं मिलने के कारण यही नमी धीरे धीरे बदबू में बदल जाती है और साफ बोतल भी इस्तेमाल करने पर खराब गंध देने लगती है।
प्लास्टिक की बोतलों में ज्यादा होती है यह परेशानी
अगर आप प्लास्टिक की बोतल का इस्तेमाल करते हैं, तो उसमें बदबू बनने की संभावना अधिक रहती है। लगातार धूप, गर्म वातावरण और लंबे समय तक उपयोग के कारण प्लास्टिक की सतह में बदलाव आने लगता है। इससे न केवल गंध पैदा हो सकती है, बल्कि पानी के स्वाद पर भी असर पड सकता है।
इन आसान तरीकों से हमेशा रहेगी बोतल फ्रेश
बोतल को धोने के बाद तुरंत ढक्कन लगाकर बंद न करें। पहले बोतल और ढक्कन दोनों को अलग अलग रखकर पूरी तरह सूखने दें। सप्ताह में कम से कम एक बार ढक्कन के अंदरूनी हिस्से की अच्छी तरह सफाई करें। बोतल को लंबे समय तक तेज धूप में रखने से बचें। यदि बोतल से पहले से बदबू आ रही है, तो उसे गुनगुने पानी से अच्छी तरह साफ करें और पूरी तरह सूखने के बाद ही दोबारा इस्तेमाल करें।
कब बदल देनी चाहिए पुरानी बोतल
यदि आपकी प्लास्टिक की बोतल पुरानी हो चुकी है, उसमें दरारें दिखाई देने लगी हैं या उसकी सतह घिस गई है, तो नई बोतल लेना बेहतर विकल्प है। पुरानी और खराब हो चुकी बोतल में बैक्टीरिया पनपने की संभावना बढ जाती है, जिससे स्वास्थ्य पर भी असर पड सकता है।
सही देखभाल से रहेगा पानी भी सुरक्षित
साफ, सूखी और अच्छी गुणवत्ता वाली बोतल का इस्तेमाल करने से पानी लंबे समय तक ताजा रहता है। साथ ही अनचाही बदबू, स्वाद में बदलाव और संक्रमण जैसी समस्याओं से भी काफी हद तक बचाव किया जा सकता है।

