WTC Final की रेस में भारत का गणित: ईडन हार के बाद भी फाइनल की उम्मीद — अगले 10 टेस्ट में कितनी जीत जरूरी?

ईडन की हार से मुश्किलें बढ़ीं, लेकिन फाइनल की उम्मीद बाकी

दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ ईडन गार्डन्स में मिली हार ने भारत की WTC फाइनल की राह जरूर मुश्किल कर दी है, लेकिन उम्मीद अभी खत्म नहीं हुई है। भारत के पास अभी भी 10 टेस्ट मैच बचे हैं, जिनमें अच्छा प्रदर्शन करके टीम फाइनल की रेस में मजबूती से वापसी कर सकती है।

भारत की वर्तमान स्थिति: PCT गिरा, दबाव बढ़ा

इस हार के बाद भारत का पॉइंट्स परसेंटेज (PCT) घटकर लगभग 54% तक आ गया है। WTC अंक तालिका में भारत अब फाइनल के टॉप-2 स्थानों से बाहर हो गया है, लेकिन उसके पास अभी भी वापसी का पूरा मौका है। विशेषज्ञों का मानना है कि बची हुई टेस्ट श्रंखला भारत के लिए निर्णायक साबित होगी।

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10 मैचों का गणित: कितना जीतना जरूरी?

भारत के लिए बचे हुए 10 टेस्ट मैचों में कम से कम 7 जीत अनिवार्य मानी जा रही हैं।

  • 7 जीत पर PCT करीब 64–65% तक पहुंचेगा, जो पिछले चक्रों के हिसाब से फाइनल के लिए पर्याप्त माना जाता है।

  • अगर भारत 8 जीत हासिल कर लेता है, तो PCT लगभग 68% तक पहुंच सकता है, जिससे फाइनल लगभग पक्का होगा।

मतलब साफ है—हर जीत भारत को फाइनल के करीब ले जाएगी, जबकि एक भी अनचाहा परिणाम टीम की राह मुश्किल कर सकता है।

आगे की चुनौती: किसके खिलाफ होंगे मैच?

भारत को आगे दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका, न्यूज़ीलैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी टीमों के खिलाफ मुकाबले खेलने हैं। खासकर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू मैदान पर होने वाली 5 टेस्ट मैचों की श्रृंखला भारत की किस्मत तय करेगी। इन मैचों में जीत ही भारत को टॉप-2 में पहुंचने का सबसे बड़ा मौका दे सकती है।

मुश्किल है लेकिन मुमकिन भी

ईडन टेस्ट की हार ने भारत की WTC Final यात्रा को झटका जरूर दिया है, लेकिन मौका अभी भी हाथ में है। अगर टीम अगले 10 टेस्ट में दमदार प्रदर्शन करती है और कम से कम 7 मैच जीत लेती है, तो फाइनल में पहुंचने की राह एक बार फिर साफ हो सकती है। आने वाली हर सीरीज़ भारत के लिए “करो या मरो” की तरह होगी।

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