विशाखापत्तनम। आंध्र प्रदेश के विशाखापट्ट्नम से बड़ी और दुःखद खबर सामने आई है। विशाखापट्ट्नम स्टील प्लांट में बड़ा हादसा हो गया। शुरूआती मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर प्लांट में पिघला हुआ स्टील लीक होने से 8 लोगों की मौत होने की खबर समने आई है। इस हादसे में कई मजदूर घायल भी हो गए हैं। विशाखापत्तनम स्टील प्लांट में हुए दर्दनाक हादसे के बाद प्रशासन और सरकार पूरी तरह सक्रिय हो गई है। घटना में लोगों की मौत और कई लोगों के घायल होने की खबर के बीच राज्य की गृह मंत्री वंगलापुडी अनीता ने अधिकारियों से तत्काल संपर्क कर हालात की। जानकारी ली और राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
गृह मंत्री ने जिला कलेक्टर और शहर के पुलिस कमिश्नर से फोन पर बातचीत कर दुर्घटना की पूरी स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि घायलों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए और बचाव अभियान में किसी तरह की देरी न हो। बताया जा रहा है कि हादसे की सूचना मिलते ही वह खुद भी मौके पर पहुंचीं और लगातार अधिकारियों के संपर्क में रहकर आवश्यक दिशा-निर्देश देती रहीं।
12 जून तक आंधी-बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने 12 जून तक प्रदेश के सभी जिलों में आंधी, गरज-चमक और बारिश की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार दक्षिण छत्तीसगढ़ में मौसम की गतिविधियां अधिक सक्रिय रहने की संभावना है। कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश और वज्रपात की स्थिति बन सकती है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है। मानसून महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और ओडिशा के कई हिस्सों तक पहुंच चुका है। अनुकूल परिस्थितियां बनी रहीं तो अगले चार से पांच दिनों में मानसून छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भी प्रवेश कर सकता है।
किसानों और आम लोगों को राहत की उम्मीद
मानसून की बढ़ती गतिविधियों से किसानों में भी उम्मीद जगी है। खरीफ सीजन की तैयारी कर रहे किसान अब मानसून के प्रदेश में प्रवेश का इंतजार कर रहे हैं। वहीं आम लोगों को उम्मीद है कि नियमित बारिश शुरू होने के बाद गर्मी और उमस से पूरी तरह राहत मिलेगी।

