लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने वाली रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना 2026 में शहीद परिवारों की बेटियों के लिए अहम राहत दी है। अब सशस्त्र बलों और अर्द्धसैनिक बलों में ड्यूटी के दौरान शहीद हुए जवानों की बेटियां सामान्य मेरिट से 10 प्रतिशत तक कम अंक होने के बावजूद मुफ्त स्कूटी के लिए पात्र हो सकेंगी।सरकार का मकसद छात्राओं के लिए कॉलेज और विश्वविद्यालय तक आवागमन आसान बनाना तथा आर्थिक या भौगोलिक कारणों से उच्च शिक्षा छूटने की समस्या को कम करना है।
मेरिट में किन छात्राओं को मिलेगी प्राथमिकता
योजना के तहत स्नातक स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाली छात्राओं का चयन किया जाएगा। सामान्य श्रेणी में पात्र छात्राओं का चयन मेरिट के आधार पर होगा, जबकि शहीद परिवारों, दिव्यांग और निराश्रित वर्ग की छात्राओं को निर्धारित नियमों के तहत अतिरिक्त छूट दी जाएगी।शहीद परिवार की वे बेटियां इस सुविधा के दायरे में आएंगी, जिनके माता-पिता या आश्रित परिवार के सदस्य सशस्त्र बल अथवा अर्द्धसैनिक बल में सेवा के दौरान शहीद हुए हैं। यदि शहीद जवान अविवाहित थे, तो उनकी मां या अविवाहित बहन को भी आश्रित श्रेणी में शामिल किया जा सकता है।
टॉप 5 प्रतिशत छात्राओं को मिलेगा मौका
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत संबंधित शैक्षणिक सत्र में स्नातक की पढ़ाई पूरी करने वाली छात्राओं में से टॉप 5 प्रतिशत मेधावी छात्राओं का चयन प्रस्तावित है। इसके लिए छात्रा का उत्तर प्रदेश का मूल निवासी होना जरूरी होगा।विशेष श्रेणी में आने वाली छात्राओं को सामान्य मेरिट के मुकाबले 10 प्रतिशत तक अंक की छूट दी जाएगी। इससे शहीद परिवारों के साथ दिव्यांग और निराश्रित छात्राओं के लिए योजना का लाभ हासिल करने का रास्ता आसान होगा।
स्कूटी के साथ इन खर्चों की भी होगी व्यवस्था
सरकार की ओर से सिर्फ स्कूटी ही नहीं दी जाएगी, बल्कि उससे जुड़ी कुछ जरूरी सुविधाएं भी योजना में शामिल होंगी। लाभार्थी छात्राओं को स्कूटी के साथ:
- पंजीकरण शुल्क
- वाहन बीमा
- हेलमेट
- जरूरी एसेसरीज
- 4 लीटर पेट्रोल
का लाभ दिया जाएगा।
दूर रहने वाली छात्राओं के लिए ज्यादा उपयोगी होगी योजना
सरकार का मानना है कि कई छात्राओं के सामने कॉलेज तक पहुंचने के लिए परिवहन की समस्या बड़ी बाधा बनती है। खासकर ग्रामीण और दूरदराज इलाकों में रहने वाली छात्राओं को रोजाना लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
स्कूटी मिलने से उनके लिए उच्च शिक्षण संस्थानों तक पहुंचना आसान होगा। इससे पढ़ाई जारी रखने के साथ छात्राओं में आत्मनिर्भरता बढ़ाने में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
कॉलेज और विश्वविद्यालय करेंगे पात्रता प्रक्रिया में सहयोग
योजना को लागू करने के लिए कॉलेजों और विश्वविद्यालयों से पात्र छात्राओं का विवरण लिया जाएगा। संबंधित रिकॉर्ड और दस्तावेजों के सत्यापन के बाद निर्धारित मानकों को पूरा करने वाली छात्राओं का चयन किया जाएगा। इसके बाद चयनित लाभार्थियों को स्कूटी उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

