विमेंस प्रीमियर लीग (WPL) 2027 के मिनी ऑक्शन में फ्रेंचाइजियों ने कई खिलाड़ियों पर जमकर बोली लगाई, लेकिन कुछ चर्चित नामों को निराशा हाथ लगी। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी पहचान बना चुकी कई अनुभवी खिलाड़ी नीलामी में अनसोल्ड रह गई। इनमें भारतीय खिलाड़ियों के साथ विदेशी क्रिकेटर भी शामिल है। आइए जानते है उन पांच प्रमुख खिलाड़ियों के बारे में, जिन्हें इस बार कोई खरीदार नहीं मिला।
1. साइका इशाक
भारतीय स्पिनर साइका इशाक WPL 2027 के मिनी ऑक्शन में नहीं बिक सकीं। उन्होंने 30 लाख रुपये के बेस प्राइस के साथ नीलामी में हिस्सा लिया था, लेकिन किसी भी फ्रेंचाइजी ने उनके लिए बोली नहीं लगाई। साइका इससे पहले मुंबई इंडियंस की ओर से विमेंस प्रीमियर लीग में खेल चुकी है। इस बार उन्हें टीम में जगह नहीं मिल सकी।
2. गौतमी नाइक
भारतीय क्रिकेटर गौतमी नाइक भी नीलामी में अनसोल्ड रही। ऑक्शन से पहले रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने उन्हें रिलीज कर दिया था। इसके बाद उम्मीद थी कि कोई दूसरी फ्रेंचाइजी उन्हें अपने साथ जोड़ सकती है, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। गौतमी ने 10 लाख रुपये के बेस प्राइस के साथ अपना नाम नीलामी में दर्ज कराया था।
3. सोफिया डंकले
इंग्लैंड की आक्रामक बल्लेबाज सोफिया डंकले का अनसोल्ड रहना भी चर्चा में रहा। कोच्चि में आयोजित नीलामी में उनका बेस प्राइस 50 लाख रुपये था। टी20 क्रिकेट में अपनी बल्लेबाजी के लिए पहचानी जाने वाली सोफिया पर किसी भी फ्रेंचाइजी ने बोली नहीं लगाई और उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ा।
4. चमारी अटापट्टू
श्रीलंका की कप्तान और अनुभवी ऑलराउंडर चमारी अटापट्टू को भी WPL 2027 के मिनी ऑक्शन में खरीदार नहीं मिला। उन्होंने अपना बेस प्राइस 30 लाख रुपये रखा था। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अनुभव रखने के बावजूद कोई फ्रेंचाइजी उन्हें अपनी टीम में शामिल करने के लिए आगे नहीं आई। विदेशी खिलाड़ियों के लिए टीमों में सीमित जगह भी नीलामी की रणनीति को प्रभावित करने वाला कारक रही।
5. उमा छेत्री
भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज उमा छेत्री भी इस बार अनसोल्ड खिलाड़ियों की सूची में शामिल रही। उनका बेस प्राइस 30 लाख रुपये था। उमा इससे पहले यूपी वॉरियर्स की ओर से WPL में खेल चुकी है। वह 2025 वनडे विश्व कप जीतने वाली भारतीय महिला टीम की सदस्य भी रही थीं। इसके बावजूद नीलामी में किसी फ्रेंचाइजी ने उन्हें खरीदने में रुचि नहीं दिखाई।
इन खिलाड़ियों को नहीं मिला मौका
WPL 2027 के मिनी ऑक्शन में इन पांच खिलाड़ियों का अनसोल्ड रहना चर्चा का विषय रहा। अनुभवी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटरों और भारतीय खिलाड़ियों को खरीदार नहीं मिलने से साफ है कि नीलामी में फ्रेंचाइजियों ने अपनी टीम की जरूरतों, उपलब्ध स्लॉट और बजट के आधार पर फैसले लिए।

