Yashasvi Jaiswal Mind Game: गॉल टेस्ट के आखिरी दिन भारत ने श्रीलंका को 165 रन से हराकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। मैच के नतीजे से इतर पांचवें दिन मैदान पर एक ऐसा पल भी देखने को मिला, जिसने क्रिकेट फैंस का ध्यान खींच लिया। श्रीलंका की दूसरी पारी के दौरान यशस्वी जायसवाल और निरोशन डिकवेला के बीच हुई बातचीत खूब चर्चा में रही।
जायसवाल ने अपनी बातों से डिकवेला पर दबाव बनाने की कोशिश की और बल्लेबाज को ऐसा शॉट खेलने के लिए उकसाया, जिसके बाद अगली ही गेंद पर श्रीलंकाई बल्लेबाज आउट हो गए। इस पूरे घटनाक्रम में जायसवाल का आत्मविश्वास और मैदान पर उनकी चतुराई साफ दिखाई दी।
जडेजा ने तोड़ी साझेदारी, इसके बाद डिकवेला पर बढ़ा दबाव
श्रीलंका को भारत ने 372 रन का लक्ष्य दिया था। लक्ष्य का पीछा करते हुए मेजबान टीम ने आखिरी दिन अच्छी शुरुआत की। धनंजय डी सिल्वा और सोनल दिनुशा ने पांचवें विकेट के लिए 95 रन जोड़कर भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बना दिया था।
मुकाबला धीरे-धीरे श्रीलंका की तरफ जाता दिख रहा था, लेकिन रवींद्र जडेजा ने धनंजय डी सिल्वा को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ दिया। इसके बाद श्रीलंका पर दबाव बढ़ने लगा।
क्रीज पर आते ही डिकवेला से बातचीत करने लगे जायसवाल
धनंजय डी सिल्वा के आउट होने के बाद निरोशन डिकवेला बल्लेबाजी के लिए आए। इस दौरान स्क्वायर लेग पर फील्डिंग कर रहे यशस्वी जायसवाल ने उनसे बातचीत शुरू कर दी।
जायसवाल ने डिकवेला को उनकी पहली पारी की आक्रामक बल्लेबाजी याद दिलाते हुए उन्हें फिर से बड़े शॉट खेलने के लिए उकसाया। बातचीत का मकसद साफ था कि बल्लेबाज को अपनी रणनीति से बाहर लाया जाए और उस पर अतिरिक्त दबाव बनाया जाए।
जायसवाल ने कहा, एक छक्का मारो और IPL में पहुंचा दूंगा
इसके बाद जायसवाल ने डीप स्क्वायर लेग की दिशा की ओर इशारा करते हुए डिकवेला को चुनौती दी कि अगर हिम्मत है तो उसी दिशा में शॉट लगाकर दिखाएं।
डिकवेला ने भी जवाब देते हुए कहा कि पहले उन्हें IPL में ले जाया जाए, उसके बाद वहां शॉट लगाएंगे। इस पर जायसवाल ने मजाकिया अंदाज में भरोसा दिलाया कि उन्हें IPL में जरूर ले जाएंगे।
इसके बाद जायसवाल ने डिकवेला को एक छक्का लगाने के लिए फिर उकसाया और यहां तक कह दिया कि छक्का मारो, फिर IPL में जगह दिलाने की बात पक्की।
बातों के तुरंत बाद आया विकेट, प्रसिध कृष्ण ने किया काम तमाम
जायसवाल की इस बातचीत के कुछ ही पल बाद डिकवेला सच में आक्रामक शॉट खेलने के इरादे से नजर आए। लेकिन उनकी कोशिश ज्यादा देर नहीं चली। अगली ही गेंद पर तेज गेंदबाज प्रसिध कृष्ण ने उन्हें अपना शिकार बना लिया।
डिकवेला दूसरी पारी में केवल 10 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। इस तरह मैदान पर हुई जायसवाल की बातचीत और उसके तुरंत बाद मिले विकेट ने फैंस को चर्चा का एक दिलचस्प मौका दे दिया।
भारत की जीत में गेंदबाजों के साथ जायसवाल की फील्ड पर चालाकी भी चर्चा में
भारत ने इस टेस्ट में श्रीलंका के सामने 372 रन का लक्ष्य रखा था और आखिरकार 165 रन से जीत हासिल की। मुकाबले में गेंदबाजों के प्रदर्शन के साथ जायसवाल का मैदान पर दिखा यह अंदाज भी चर्चा में रहा।
डिकवेला को उकसाने से लेकर उनके विकेट के तुरंत बाद बने माहौल तक, इस पूरे घटनाक्रम ने दिखाया कि टेस्ट क्रिकेट में मुकाबला केवल गेंद और बल्ले से नहीं, बल्कि मानसिक दबाव के जरिए भी लड़ा जाता है।

