केरलम के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने मंगलवार सुबह विजिनजाम अंतरराष्ट्रीय बंदरगाह का दौरा कर उसकी तैयारियों की समीक्षा की। यह दौरा बंदरगाह पर पूर्ण रूप से निर्यात-आयात माल संचालन शुरू होने से कुछ घंटे पहले हुआ।
मुख्यमंत्री के साथ उद्योग, सूचना प्रौद्योगिकी और वाणिज्य मंत्री पी.के. कुन्हालीकुट्टी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बंदरगाह की कार्यप्रणाली और अगले चरण के लिए की गई तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने वाहन यातायात प्रबंधन प्रणाली (वीटीएमएस) कार्यालय का भी दौरा किया।
अब तक विजिनजाम बंदरगाह मुख्य रूप से माल के एक जहाज से दूसरे जहाज में स्थानांतरण के लिए इस्तेमाल हो रहा था। मंगलवार से बंदरगाह के द्वार जमीन के रास्ते आने-जाने वाले मालवाहक कंटेनरों के लिए खोल दिए जाएंगे। इससे बंदरगाह पर सीधे निर्यात और आयात का काम शुरू हो सकेगा।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पर कहा कि उनकी समीक्षा का मुख्य उद्देश्य बंदरगाह के संचालन की तैयारियों का जायजा लेना था। उन्होंने कहा कि यह परियोजना ऐसे चरण में प्रवेश कर रही है, जो वैश्विक समुद्री व्यापार के क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकती है।
विजिनजाम में पूर्ण निर्यात-आयात संचालन शुरू होने से अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार में केरल की भूमिका मजबूत होने की उम्मीद है। इससे राज्य में माल परिवहन, व्यापार, उद्योग और इससे जुड़े अन्य क्षेत्रों में नए अवसर पैदा हो सकते हैं।
अप्रैल 2026 के विधानसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद विजिनजाम बंदरगाह पर यह सतीशन का पहला विस्तृत आधिकारिक दौरा भी है। सत्तारूढ़ यूडीएफ सरकार विजिनजाम को केरल की आर्थिक वृद्धि के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने पर जोर दे रही है।
अदाणी समूह द्वारा संचालित विजिनजाम अंतरराष्ट्रीय बंदरगाह पहले ही केरल की प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं में शामिल हो चुका है। अब जमीन के रास्ते निर्यात-आयात माल की आवाजाही शुरू होने से इसके विकास का एक और महत्वपूर्ण चरण शुरू होगा।
केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल को निर्यात-आयात संचालन की शुरुआत के कार्यक्रम में शामिल होना था, लेकिन वह कार्यक्रम में नहीं पहुंचेंगे। हालांकि, केंद्र के प्रतिनिधित्व में बदलाव से इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के महत्व पर कोई असर नहीं पड़ने की उम्मीद है।
राज्य सरकार अब विजिनजाम को केवल एक बंदरगाह के रूप में नहीं, बल्कि केरल के लिए एक बड़े आर्थिक प्रवेश द्वार के रूप में देख रही है। सरकार को उम्मीद है कि इससे समुद्री व्यापार, माल परिवहन, उद्योग और अन्य संबंधित क्षेत्रों को बढ़ावा मिलेगा।
पूर्ण निर्यात-आयात संचालन की शुरुआत के साथ विजिनजाम अब एक बड़ी बुनियादी ढांचा परियोजना से आगे बढ़कर पूरी तरह विकसित अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार केंद्र बनने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है।

